बीएचयू रुइया छात्रावास में छात्रों के दो गुटों में भिड़ंत, दो घायल, परिसर में बढ़ाई गई सुरक्षा

aakashhacker8007
4 Min Read
रुइया छात्रावास के बाहर सुरक्षा व्यवस्था संभालती पुलिस

वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के संस्कृतविद्या धर्मविज्ञान संकाय स्थित रुइया छात्रावास में गुरुवार को छात्रों के दो गुटों के बीच हुई मारपीट से विश्वविद्यालय परिसर में तनाव का माहौल बन गया। दोपहर बाद हुई इस घटना ने देखते ही देखते गंभीर रूप ले लिया और परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए।

मारपीट की इस घटना में दो छात्र घायल हुए हैं, जिनमें से एक छात्र के सिर में गंभीर चोट आई है। घायल छात्र को तुरंत बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। घटना के बाद छात्रावास और उसके आसपास के इलाकों में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में छात्र एकत्र हो गए।

रुइया छात्रावास के गेट पर हुआ विवाद

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार गुरुवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे रुइया छात्रावास के मुख्य गेट के सामने दो छात्रों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हुई। देखते ही देखते यह विवाद बढ़ गया और दोनों पक्षों के अन्य छात्र भी इसमें शामिल हो गए।

आरोप है कि तीन छात्रों ने मिलकर एक छात्र के साथ मारपीट की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। बीच-बचाव करने पहुंचे एक अन्य छात्र को भी चोटें आईं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कुछ ही मिनटों में स्थिति इतनी बिगड़ गई कि छात्रावास के बाहर भीड़ जमा हो गई।

बताया जा रहा है कि विवाद की जड़ में कथित तौर पर जातिगत टिप्पणी को लेकर उपजा तनाव है, हालांकि विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस ने इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। मामले की सच्चाई जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

घायल छात्र के समर्थन में प्रदर्शन

घटना की जानकारी मिलते ही छात्रावास के अन्य छात्र आक्रोशित हो गए। करीब 50 से 60 छात्र प्रॉक्टोरियल बोर्ड कार्यालय पहुंचे और विश्वविद्यालय प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल किए। छात्रों ने कहा कि परिसर में पिछले कुछ समय से इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।

घायल छात्र पीयूष तिवारी के समर्थन में अन्य छात्र बिरला चौराहे पर भी एकत्र हो गए। छात्रों ने नारेबाजी करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और परिसर में स्थायी सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा।

पुलिस तैनाती, जांच शुरू

स्थिति को नियंत्रित करने के लिए लंका थाना पुलिस और बीएचयू चौकी प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। हालात की गंभीरता को देखते हुए पीएसी को भी बुलाया गया और छात्रावास तथा आसपास के क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी गई।

शाम करीब छह बजे पुलिस ने बिरला सी क्षेत्र में पहुंचकर आरोपित छात्रों की तलाश शुरू की। इस दौरान कुछ छात्रों में नाराजगी देखी गई, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने समझाइश देकर स्थिति को शांत कराया। धीरे-धीरे हालात सामान्य होने लगे और छात्रावास परिसर में शांति बहाल हुई।

लंका थाना प्रभारी के अनुसार पीड़ित छात्र से तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज किया जाएगा। पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और जांच के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

वहीं विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी कहा है कि छात्रों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। परिसर में सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है और भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए अतिरिक्त कदम उठाए जाएंगे।

इस घटना से विश्वविद्यालय का शैक्षणिक वातावरण प्रभावित हुआ है और छात्र संगठनों ने प्रशासन से संवाद बढ़ाने तथा संवेदनशील मामलों को समय रहते सुलझाने की मांग की है।

Source : News Report Newspaper

Share This Article
Leave a Comment